एक बादशाह किसी अल्लाह वाले का मुरीद था जब भी अल्लाह वाले बादशाह के यहां आते तो बादशाह अपने मुर्शिद के लिए दुनियां जहां के तमाम खाने तैयार करवाता लेकिन उसके मुर्शिद सिर्फ थोड़ा सा खाना लेते बाक़ी छोड़ देते या हाथ पीछे कर लेते हर दफा बादशाह खाने तैयार करवाता और मुर्शिद हर दफा […]
लेख
क्या वे सब मुसलमान थे ?
लेख: खलील अहमद फैज़ानी मुसलमान कभी आतंकवादी नहीं होता…मुसलमान हमेशा शांतिप्रिय होता है…इस्लाम शब्द ही सुरक्षा और शांति का गारंटर है.. सुरक्षा के मायने छिपे हैं इस्लाम और आस्था की गहराइयों में…और शांति …. शांती और प्यार ..-आज अगर कोई अकेला मुसलमान अपनी अज्ञानता से किसी को आर्थिक या मानवीय नुकसान पहुंचाता है तो सभी […]
क़ुर्बानी के फज़ाइल व मसाइल (क़िस्त 3)
हदीस शरीफ़ हज़ूर सल्लल्लाहू तआला अलैही व सल्लम न इरशाद फ़रमाया:अफ़ज़ल क़ुर्बानी वो है जो बा एतबारे क़ीमत आला हो और खूब फ़रबा हो। (इमाम अहमद, बहारे शरीअत हिस्सा 15 सफ़ह 131) हदीस शरीफ़ इब्ने अब्बास रज़िअल्लाहू तआला अन्हुमा से रावीहुजूर ने रात में कुर्बानी करने से मना फ़रमाया। (तिब्रानी) हदीस शरीफ़ हुज़ूर सल्लल्लाहु तआला […]
