गोरखपुर। सुन्नी बहादुरिया जामा मस्जिद रहमतनगर में 20 अप्रैल को रात 12 बजे से दरूद डे मनाया जाएगा। सामूहिक रूप से दरुद शरीफ पढ़कर अल्लाह तआला से अमनो-अमान की दुआ मांगी जाएगी। यह जानकारी कार्यक्रम संयोजक अली गजनफर शाह ने दी हैं। उन्होंने बताया कि अंग्रेजी कैलेंडर के मुताबिक 20 अप्रैल 571 ई. को पैगंबरे इस्लाम हजरत मोहम्मद सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम का जन्म हुआ था। दरूद शरीफ पढ़ने का सिलसिला रात से सहरी के समय तक चलेगा। सामूहिक रूप से सहरी की जाएगी। दरुद शरीफ अल्लाह तआला को राजी करने का अहम जरिया है। इसको ज्यादा पढ़ने से काम बनते हैं। परेशानियां दूर होती हैं। दरुद शरीफ पढ़ने का हुक्म क़ुरआन-ए-पाक व हदीस-ए-पाक में मौजूद है। दरुद डे कार्यक्रम में अवाम बढ़चढ़ कर हिस्सा ले। एशा की नमाज के बाद महिलाएं घरों में आहिस्ता आवाज से व पुरुष मस्जिदों व घरों में दरूद शरीफ का विर्द (पढ़ें) करें।
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